दातारं सर्वसम्पदाम् ।
लोकाभिरामं श्रीरामं
भूयो भूयो नमाम्यहम् ॥
रामेष्टः फल्गुणसखः पिङ्गाक्षो अमितविक्रमः ।
उदधिक्रमणश्चैव सीताशोकविनाशकः
लक्ष्मणप्राणदाता च दशग्रीवस्यदर्पहा ।
द्वादशैतानि नामानि कपीन्द्रस्य महात्मनः
स्वापकाले पठेन्नित्यं यात्राकाले विशेषतः
तस्य मृत्युभयं नास्ति सर्वत्र विजयीभवेत् ॥
श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु
इहपर साधक शरणमुलु ।
बुद्धिहीनतनु कलिगिन तनुवुलु
बुद्बुदमुलनि तॆलुपु सत्यमुलु ॥
जय पण्डित त्रिलोकपूजित
रामदूत अतुलित बलधाम
अञ्जनीपुत्र पवनसुतनाम
उदयभानुनि मधुर फलमनि
भावन लील अमृतमुनु ग्रोलिन
काञ्चनवर्ण विराजित वेष
कुण्डलमण्डित कुञ्चित केश ॥
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
राजपदवि सुग्रीवुन निलिपि
जानकीपति मुद्रिक दोड्कॊनि
जलधि लङ्घिञ्चि लङ्क जेरुकॊनि
सूक्ष्म रूपमुन सीतनु जूचि
विकट रूपमुन लङ्कनु गाल्चि
भीम रूपमुन असुरुल जम्पिन
राम कार्यमुनु सफलमु जेसिन
॥ श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ॥
श्री रघुवीरुडु कौगिट निनुगॊनि
सहस्र रीतुल निनु गॊनियाडग
कागल कार्यमु नीपै निडग
वानरसेनतो वारिधि दाटि
लङ्केशुनितो तलपडि पोरि
होरुहोरुन पोरु सागिन
असुरसेनल वरुसन गूल्चिन
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
सञ्जीवि दॆच्चिन प्राणप्रदात
राम लक्ष्मणुल अस्त्रधाटिकि
असुरवीरुलु अस्तमिञ्चिरि
तिरुगुलेनि श्री रामबाणमु
जरिपिञ्चॆनु रावण संहारमु
ऎदिरिलेनि आ लङ्कापुरमुन
एलिकगा विभीषणु जेसिन
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
मुल्लोकाल हारतुलन्दिरि
अन्तुलेनि आनन्दाश्रुवुले
अयोध्यापुरि पॊङ्गिपॊरलॆ
सीतारामुल सुन्दर मन्दिरं
श्रीकान्तुपदं नी हृदयं
रामचरित कर्णामृतगान
रामनाम रसामृतपान
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
सुगममे यगु नी कृप जालिन
कलुगु सुखमुलु निनु शरणन्न
तॊलगु भयमुलु नी रक्षण युन्न
राम द्वारपु कापरिवैन नी
कट्टडि मीर ब्रह्मादुल तरमा
भूत पिशाच शाकिनि ढाकिनि
भयपडि पारु नी नाम जपमु विनि
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
भुजबलतेजा गदाधरा
ईश्वरांश सम्भूत पवित्रा
केसरीपुत्र पावनगात्रा
सनकादुलु ब्रह्मादि देवतलु
शारद नारद आदिशेषुलु
यम कुबेर दिक्पालुरु कवुलु
पुलकितुलैरि नी कीर्ति गानमुल
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
श्री रामुडु ऎन्निक गॊन्न हनुमा
साधुल पालिट इन्द्रुडवन्ना
असुरुल पालिट कालुडवन्ना
अष्टसिद्धि नवनिधुलकु दातग
जानकीमात दीविञ्चॆनुगा
राम रसामृत पानमु जेसिन
मृत्युञ्जयुडवै वॆलसिन
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
जन्म जन्मान्तर दुःखभञ्जन
ऎच्चटुण्डिना रघुवरदासु
चिवरकु रामुनि चेरुट तॆलुसु
इतर चिन्तनलु मनसुन मोतलु
स्थिरमुग मारुति सेवलु सुखमुलु
ऎन्दॆन्दुन श्रीराम कीर्तन
अन्दन्दुन हनुमानु नर्तन
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
शुभमगु फलमुलु कलुगु सुमा
भक्ति मीरगा गानमु चेयग
मुक्ति कलुगु गौरीशुलु साक्षिग
तुलसिदास हनुमानु चालिसा
तॆलुगुन सुलुवुग नलुगुरु पाडग
पलिकिन सीतारामुनि पलुकुन
दोषमुलुन्न मन्निम्पुमन्न
। श्री हनुमानु गुरुदेवु चरणमुलु इहपर साधक शरणमुलु ।
सीतारामलक्ष्मण समेत ।
ना अन्तरात्म निलुमो अनन्ता
नीवे अन्ता श्री हनुमन्ता ॥
