तुम ही हो पालनकर्ता, तुम ही सुख देती॥
जय मनसा देवी...॥
विष हरण करती, भक्तों का उद्धार करती॥
जय मनसा देवी...॥
जो कोई प्रेम से गाता, मनवांछित फल पाता॥
जय मनसा देवी...॥
पुष्प और नैवेद्य चढ़ाकर, होते सब सिद्ध॥
जय मनसा देवी...॥
जो कोई प्रेम से गाता, सब पाप धुल जाते॥
जय मनसा देवी...॥
जो कोई प्रेम से गाता, मनवांछित फल पाता॥
जय मनसा देवी...॥
