कुंज बिहारी तेरी आरती गाऊँ,
(हे गिरिधर तेरी आरती गाऊं)
आरती गाऊँ प्यारे तुमको रिझाऊं॥
श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं॥
प्यारी बंसी मेरो मन मोहे।
देख छवि बलिहारी मैं जाऊं,
श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं॥
जिसने सारी दुनिया तारी।
में उन चरणों के दर्शन पाऊँ,
श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं॥
दुःख सुख जीवन प्यारे साथ आप हो।
हरी चरणों में शीश झुकाऊँ,
श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं॥
मेरे मोहन जीवन धन हो।
देख युगल छवि बलि बलि जाऊँ,
श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं॥
